नागपुर जिले के जलालखेडा क्षेत्र में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां नदी में उतरे एक युवक की डूबने से मौत हो गई। यह हादसा उस समय हुआ जब वह मोटर पंप की केबल निकालने के लिए नदी में उतरा था। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है, वहीं मौत के कारणों को लेकर कई सवाल भी खड़े हो गए हैं।
घटना का पूरा विवरण
- यह घटना 14 जुलाई की शाम करीब 6:30 बजे जलालखेडा शिवार स्थित जाम नदी में हुई
- युवक नदी में उतरा लेकिन कुछ ही देर में अचानक लापता हो गया
- काफी खोजबीन के बाद अगले दिन शाम करीब 6:15 बजे उसका शव पानी में तैरता हुआ मिला
मृतक की पहचान
- मृत युवक का नाम सुरेश रामराव नागले (35) है
- वह जलालखेडा, तहसील नरखेड का निवासी था
- वह स्थानीय किसान के ट्रैक्टर पर मजदूर के रूप में काम करता था
कैसे हुआ हादसा
- किसान बंडू कनेरे के खेत में सिंचाई के लिए जाम नदी में मोटर पंप लगाया गया था
- पंप की केबल नदी में फंस गई थी
- अच्छा तैराक होने के कारण सुरेश नागले को केबल निकालने के लिए नदी में भेजा गया
- लेकिन केबल निकालते समय वह गहरे पानी में डूब गया और वापस नहीं आ सका
रेस्क्यू ऑपरेशन और प्रशासन की कार्रवाई
- घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने स्थानीय युवकों की मदद से रात 8 बजे तक सर्च ऑपरेशन चलाया
- अगले दिन सुबह फिर से खोज अभियान शुरू किया गया
- मौके पर तहसीलदार उमेश खोडके और ठाणेदार पवन बाबूळकर ने निरीक्षण किया
- एसडीआरएफ टीम को भी बुलाने की प्रक्रिया शुरू की गई थी
- बाद में उसी स्थान के आसपास शव पानी में तैरता हुआ मिला
मौत के कारणों पर उठे संदेह
- स्थानीय लोगों के मुताबिक, सुरेश को तैरना अच्छे से आता था, इसलिए डूबना संदिग्ध माना जा रहा है
- आशंका जताई जा रही है कि:
- उसे पानी में करंट लग सकता है
- या फिर वह कीचड़ (गाद) में फंस गया होगा
- शव 24 घंटे पानी में रहने के बावजूद ज्यादा फूला नहीं था, जबकि चेहरे का कुछ हिस्सा काला पड़ा हुआ था
पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
- पुलिस ने मामला दर्ज कर अकस्मात मृत्यु (ADR) के तहत जांच शुरू कर दी है
- शव को पोस्टमार्टम के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया है
- ठाणेदार पवन बाबूळकर के अनुसार, मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा
परिजनों को मुआवजे की मांग
- इस घटना के बाद ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की है
- सुरेश नागले अपने परिवार का मुख्य कमाने वाला सदस्य था, जिससे परिवार पर संकट गहरा गया है
यह हादसा न सिर्फ एक परिवार के लिए त्रासदी है, बल्कि नदी में काम करते समय सुरक्षा उपायों की अनदेखी पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।

