पाहुणे ले-आउट में सनसनीखेज वारदात
नागपुर के पिली नदी परिसर स्थित पाहुणे ले-आउट में शनिवार दोपहर करीब 12:15 बजे सनसनीखेज हत्या की वारदात सामने आई। 70 वर्षीय ससुर नत्थूलाल भगवान पाली ने अपनी बहू लक्ष्मी रविशंकर पाली (42) पर कुल्हाड़ी से हमला कर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने घर से करीब 100 मीटर दूर मंदिर के पास स्थित कुएं में छलांग लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया।
बेटे की मौत का बहू पर था जादूटोने का शक
यशोधरानगर पुलिस के अनुसार, नत्थूलाल के बेटे की वर्ष 2019 में मौत हुई थी। इसके बाद उसके मन में बहू लक्ष्मी को लेकर संदेह पैदा हो गया था। नत्थूलाल को शक था कि लक्ष्मी ने जादूटोना कर उसके बेटे की जान ली है। इसी अंधविश्वास और संदेह के चलते दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।
धमकी के बाद हुआ खूनी हमला
पुलिस को मिली जानकारी के अनुसार, नत्थूलाल पहले भी लक्ष्मी को जान से मारने और उसके बाद खुद आत्महत्या करने की धमकी देता था। शुक्रवार शाम दोनों के बीच जमकर विवाद हुआ था। शनिवार दोपहर एक बार फिर विवाद बढ़ गया। गुस्से में नत्थूलाल ने कुल्हाड़ी उठाकर लक्ष्मी पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से लक्ष्मी की मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद कुएं में लगाई छलांग
लक्ष्मी की हत्या करने के बाद नत्थूलाल घर से बाहर निकला और करीब 100 मीटर दूर मंदिर के पास स्थित कुएं में कूद गया। स्थानीय नागरिकों और नगरसेवक ने घटना की जानकारी पुलिस नियंत्रण कक्ष को दी। सूचना मिलते ही यशोधरानगर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय नागरिकों की मदद से नत्थूलाल को कुएं से बाहर निकाला।
आरोपी की हालत गंभीर
कुएं से बाहर निकालने के बाद नत्थूलाल को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस के मुताबिक, शरीर में पानी चले जाने से उसके फेफड़ों पर असर पड़ा है और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
दो बच्चों के सिर से उठा माता-पिता का साया
मृतका लक्ष्मी के एक बेटा और एक बेटी हैं। पिता की पहले ही मौत हो चुकी थी और अब मां की हत्या के बाद दोनों बच्चों के सिर से माता-पिता का साया उठ गया है। वहीं, आरोपी नत्थूलाल की पत्नी की मानसिक स्थिति भी ठीक नहीं होने की जानकारी सामने आई है।
नत्थूलाल पाली के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज
यशोधरानगर पुलिस ने लक्ष्मी के शव का पंचनामा कर शवविच्छेदन के लिए भेज दिया है। इस मामले में आरोपी नत्थूलाल भगवान पाली के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। अंधविश्वास और संदेह से हुई इस रक्तरंजित वारदात के बाद पाहुणे ले-आउट परिसर में शोक और दहशत का माहौल है।

