नागपुर में 18 प्रमुख CBSE स्कूलों और जिला कलेक्टर कार्यालय को बम धमकी वाले ईमेल मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने नागपुर साइबर पुलिस से मामले की जानकारी मांगी है। धमकी भरे ईमेल में 31 अगस्त तक हमले का खतरा बताया गया था।
DPS को मिला पहला धमकी भरा ईमेल
पुलिस के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब 9:45 बजे दिल्ली पब्लिक स्कूल (DPS) को पहला धमकी भरा ईमेल मिला। इसके बाद 10 से 15 मिनट के अंतराल में अन्य स्कूलों को भी इसी तरह के ईमेल भेजे गए। भारतीय विद्या भवन और सेंटर प्वाइंट स्कूल सहित कई प्रमुख संस्थानों को धमकी मिली।
बम निरोधक दस्ते ने स्कूलों की जांच की
धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस टीमों और बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (BDDS) ने प्रभावित स्कूलों में तत्काल तलाशी अभियान चलाया। जांच के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। इसके बावजूद एहतियात के तौर पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
ईमेल के तार बांग्लादेश और फ्रांस से जुड़े
नागपुर साइबर पुलिस ने ईमेल के स्रोत का पता लगाने के लिए तकनीकी जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में दो ईमेल के तार बांग्लादेश और एक ईमेल के तार फ्रांस से जुड़े होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस VPN के माध्यम से ईमेल भेजे जाने की दिशा में भी जांच कर रही है।
RSS का उल्लेख होने से सुरक्षा एजेंसियां सतर्क
धमकी भरे ईमेल में RSS का उल्लेख होने से सुरक्षा एजेंसियों की चिंता और बढ़ गई है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि धमकी भेजने के पीछे कौन है और इसका वास्तविक उद्देश्य क्या है।
ATS और NIA ने मांगी मामले की जानकारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए ATS और NIA ने नागपुर साइबर पुलिस से प्रकरण से जुड़ी जानकारी मांगी है। दोनों एजेंसियां इस धमकी को व्यापक सुरक्षा दृष्टिकोण से जांच रही हैं। फिलहाल नागपुर पुलिस ने शहर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है और ईमेल के स्रोत तथा धमकी के पीछे की मंशा का पता लगाने के लिए जांच जारी है।

