नागपुर: विश्वविद्यालय में अनियमितताओं के खिलाफ छात्र संगठनों का आंदोलन, सिनेट सभागृह में घुसने की कोशिश पर पुलिस से झड़प

कथित अनियमितताओं के विरोध में छात्र संगठनों का प्रदर्शन

राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय में कथित भ्रष्टाचार और प्रशासनिक अनियमितताओं के विरोध में सोमवार को विभिन्न छात्र संगठनों ने आंदोलन किया। एनएसयूआई, राष्ट्रवादी विद्यार्थी कांग्रेस, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) और युवा ग्रेजुएट फोरम सहित अन्य संगठनों ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया।

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सिनेट बैठक में प्रवेश का प्रयास

आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने सिनेट की बैठक चल रहे सभागृह में प्रवेश करने का प्रयास किया। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने सभागृह के प्रवेश द्वार पर हाथ-पैर से धक्के देकर अंदर जाने की कोशिश की। पुलिस द्वारा रोके जाने पर दोनों पक्षों के बीच शाब्दिक विवाद और धक्कामुक्की हुई।

विश्वविद्यालय परिसर में तनाव

घटना के बाद विश्वविद्यालय परिसर में कुछ समय के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई। प्रदर्शनकारियों के सभागृह में प्रवेश के प्रयास और पुलिस के साथ हुई झड़प को लेकर आंदोलन के तरीके पर भी सवाल उठाए गए।

भर्ती और निविदा प्रक्रिया पर सवाल

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आंदोलनकारियों ने विश्वविद्यालय की भर्ती प्रक्रिया, निविदाओं में कथित वित्तीय अनियमितता, कुलसचिव पद से संबंधित एनओसी लंबित रखने और सफाई कर्मचारियों के वेतन से कथित वसूली जैसे मुद्दे उठाए। शैक्षणिक और अशैक्षणिक पदों की भर्ती प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों को लेकर भी सवाल उठाए गए।

कुलपति से मिला प्रतिनिधिमंडल

बाद में अंबाझरी पुलिस की मौजूदगी में छात्र संगठनों के प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविद्यालय की कुलपति डॉ. मनाली क्षीरसागर से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने विभिन्न मामलों में कार्रवाई की मांग की।

राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग

छात्र संगठनों ने विश्वविद्यालय के कामकाज में राज्यपाल के हस्तक्षेप की मांग करते हुए प्रशासन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की अपील की। संगठनों ने कथित अनियमितताओं की जांच और संबंधित मामलों में कार्रवाई की मांग रखी।

आंदोलन के तरीके पर भी उठे सवाल

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कथित अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाने के अधिकार को लेकर कोई विवाद नहीं था, लेकिन सिनेट की वैधानिक बैठक में प्रवेश का प्रयास और कामकाज में व्यवधान आंदोलन के तरीके को लेकर सवालों के घेरे में रहा।

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