नागपुर: नागपुर महानगरपालिका (NMC) ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए करीब 6200 करोड़ रुपये से अधिक का बजट पेश किया है। खास बात यह है कि इस बजट में आम नागरिकों पर कोई नया कर (टैक्स) नहीं लगाया गया है, जबकि शहर के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं पर फोकस किया गया है।
बिना नए टैक्स के संतुलित बजट
महानगरपालिका द्वारा पेश किए गए इस बजट में नागरिकों को राहत देते हुए कोई अतिरिक्त कर भार नहीं डाला गया है। प्रशासन ने मौजूदा संसाधनों और आय के बेहतर प्रबंधन के जरिए विकास कार्यों को गति देने की योजना बनाई है।
पर्यटन विकास को मिलेगा बढ़ावा
बजट में शहर के पर्यटन क्षेत्र के विकास पर विशेष जोर दिया गया है। नागपुर को एक प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए नई योजनाएं और प्रोजेक्ट्स शामिल किए गए हैं, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
खेल सुविधाओं के विस्तार की योजना
शहर में खेल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए भी बड़े प्रावधान किए गए हैं। नए खेल मैदान, स्टेडियम और प्रशिक्षण सुविधाओं के विकास पर ध्यान दिया जाएगा, जिससे युवाओं को बेहतर अवसर मिल सकें।
इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर फोकस
नागपुर के समग्र विकास के लिए सड़क, जल आपूर्ति, सीवरेज और अन्य बुनियादी सुविधाओं पर बड़े पैमाने पर निवेश का प्रावधान किया गया है। इससे शहर की आधारभूत संरचना को और मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है।
शहर विकास के लिए दीर्घकालिक दृष्टि
महानगरपालिका का यह बजट केवल तात्कालिक जरूरतों को ही नहीं, बल्कि दीर्घकालिक विकास रणनीति को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। प्रशासन का उद्देश्य नागपुर को एक आधुनिक और विकसित शहर के रूप में स्थापित करना है।
नागरिकों के लिए राहत और विकास का संतुलन
इस बजट में जहां एक ओर नागरिकों को टैक्स से राहत दी गई है, वहीं दूसरी ओर शहर के विकास के लिए ठोस योजनाएं बनाई गई हैं। इससे नागपुर के सतत और संतुलित विकास की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।

