नागपुर स्नातक सीट पर भाजपा में टिकट को लेकर खींचतान, बगावत की आशंका; कोहले और सोले के नाम चर्चा में

नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए भाजपा ने अभी तक अपने उम्मीदवार की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। टिकट को लेकर पूर्व विधायक सुधाकर कोहले और पूर्व विधान परिषद सदस्य अनिल सोले के नाम प्रमुखता से चर्चा में हैं। उम्मीदवार चयन में देरी के बीच पार्टी के भीतर असंतोष और संभावित बगावत को लेकर भी चर्चा तेज है।

उम्मीदवारी नहीं मिली तो आगे क्या होगा?

  • Save

टिकट के दावेदारों में से किसे अवसर मिलता है और जिसे टिकट नहीं मिलता, उसकी आगे की भूमिका क्या रहती है, इस पर राजनीतिक हलकों की नजर है। यदि कोई दावेदार स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने का निर्णय लेता है, तो इससे मतों के विभाजन की स्थिति बन सकती है। हालांकि, संबंधित नेताओं की ओर से स्वतंत्र चुनाव लड़ने को लेकर अंतिम निर्णय की पुष्टि नहीं हुई है।

2020 में भाजपा को मिली थी हार

नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 2020 के चुनाव में कांग्रेस के अभिजित वंजारी ने भाजपा के संदीप जोशी को हराया था। इससे पहले यह सीट लंबे समय तक भाजपा के पास रही थी। इस बार भाजपा सीट वापस हासिल करने के लिए मतदाता पंजीकरण और संगठनात्मक तैयारियों पर जोर दे रही है।

कोहले और सोले के नाम पर चर्चा

भाजपा के भीतर सुधाकर कोहले और अनिल सोले के नामों को लेकर चर्चा जारी है। 28 सितंबर को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के बीच उम्मीदवार को लेकर बैठक होने की खबरें सामने आई थीं। इसके बावजूद पार्टी की ओर से आधिकारिक घोषणा नहीं हुई थी।

  • Save

नामांकन की अंतिम तारीख पर नजर

नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है और उम्मीदवार चयन को लेकर भाजपा के निर्णय पर सभी की नजर है। चुनाव कार्यक्रम के अनुसार मतदान 23 अक्टूबर 2026 को होना है।

उम्मीदवार घोषित होने के बाद साफ होगी तस्वीर

भाजपा की ओर से उम्मीदवार के नाम की घोषणा के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि टिकट से वंचित दावेदार और उनके समर्थक किस प्रकार की भूमिका निभाते हैं। फिलहाल पार्टी के भीतर सहमति बनाने और संभावित असंतोष को नियंत्रित रखने की कोशिशों की चर्चा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share via
Copy link