30 किलोमीटर के रास्ते में 300 से अधिक गड्ढे
नागपुर-मौदा राष्ट्रीय महामार्ग की हालत बेहद खराब हो गई है। नागपुर से मौदा के बीच करीब 30 किलोमीटर के मार्ग पर 300 से अधिक छोटे-बड़े गड्ढे हो गए हैं। लंबे समय से इनकी मरम्मत नहीं होने के कारण वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
टोल वसूली जारी, लेकिन सड़क की मरम्मत पर ध्यान नहीं
यह मार्ग नागपुर-रायपुर राष्ट्रीय महामार्ग का महत्वपूर्ण हिस्सा है और महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों को जोड़ता है। मार्ग पर 24 घंटे भारी और हल्के वाहनों की आवाजाही रहती है। इसके बावजूद सड़क की खराब स्थिति को लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और टोल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
नागपुर से मौदा होते हुए भंडारा की ओर जाने वाले वाहनों से माथनी, तहसील मौदा स्थित टोल प्लाजा पर टोल वसूला जाता है। नागरिकों का सवाल है कि जब प्रशासन नियमित रूप से टोल वसूल रहा है, तो सड़क पर बने खतरनाक गड्ढों की मरम्मत क्यों नहीं की जा रही है।
रबड़ीवाला सर्विस रोड पर भी 20 से ज्यादा गड्ढे
मौदा शहर के पास स्थित करीब 500 मीटर लंबे रबड़ीवाला सर्विस रोड की हालत भी खराब है। इस छोटे से हिस्से में ही 20 से अधिक गड्ढे बन गए हैं। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सड़क की देखभाल और मरम्मत की ओर जानबूझकर ध्यान नहीं दे रहा है।
गड्ढों के कारण बढ़ा हादसों का खतरा
वाहन चालक गड्ढों से बचने के लिए अचानक गति कम या तेज करते हैं और कई बार अचानक ब्रेक लगाते हैं। इससे पीछे चल रहे वाहनों के चालकों का संतुलन बिगड़ने की आशंका रहती है और टक्कर व सड़क हादसों का खतरा बढ़ गया है।
गड्ढों से गुजरने के कारण वाहनों को नुकसान पहुंच रहा है, जबकि वाहन में बैठे यात्रियों को भी शारीरिक परेशानी और झटकों का सामना करना पड़ रहा है।
महालगांव-आसोली मार्ग पर रोज लग रहा जाम
सड़क पर बने गड्ढों के कारण महालगांव से आसोली के बीच रोजाना यातायात प्रभावित हो रहा है। वाहन चालक गड्ढों से बचकर निकलने की कोशिश करते हैं, जिससे वाहनों की रफ्तार कम होती है और लंबी कतारें लग जाती हैं। इससे यात्रियों और वाहन चालकों को काफी समय तक जाम में फंसे रहना पड़ता है।
टोल प्लाजा बंद करने की मांग
स्थानीय नागरिकों ने सड़क की खराब स्थिति को लेकर नाराजगी जताते हुए मांग की है कि जब तक राष्ट्रीय महामार्ग की गुणवत्तापूर्ण तरीके से मरम्मत नहीं की जाती, तब तक माथनी स्थित टोल प्लाजा पर टोल वसूली बंद की जाए।
नगरसेविका दामिनी विक्की साठवणे ने भी सड़क की स्थिति और टोल वसूली को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि जब प्रशासन को टोल वसूलना दिखाई देता है, तो महामार्ग के गड्ढे और उनसे होने वाले हादसे क्यों नजर नहीं आते?

