नागपुर : नागपुर संभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में भाजपा के भीतर चल रहा मतभेद एक बार फिर सामने आया है। बुधवार को हुई नामांकन पत्रों की जांच के दौरान भाजपा प्रत्याशी सुधाकर कोहळे के शपथपत्र पर भाजपा के बागी प्रत्याशी और पूर्व विधायक अनिल सोले के प्रतिनिधि ने आपत्ति दर्ज कराई। हालांकि, संभागीय आयुक्त एवं निर्वाचन अधिकारी विजयलक्ष्मी बिदरी ने आपत्ति खारिज करते हुए कोहळे का नामांकन वैध घोषित कर दिया।
सभी 54 उम्मीदवारों के नामांकन मंजूर
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव के लिए कुल 54 उम्मीदवारों ने नामांकन पत्र दाखिल किए थे। बुधवार को हुई जांच में सभी 54 उम्मीदवारों के नामांकन पत्र मंजूर कर लिए गए। इनमें भाजपा के सुधाकर कोहळे, कांग्रेस के अभिजित वंजारी और भाजपा के बागी पूर्व विधायक अनिल सोले प्रमुख रूप से शामिल हैं।
सुधाकर कोहळे के शपथपत्र पर आपत्ति
नामांकन पत्रों की जांच के दौरान सुधाकर कोहळे द्वारा दाखिल शपथपत्र पर अनिल सोले के प्रतिनिधि ने आपत्ति दर्ज कराई। निर्वाचन अधिकारी विजयलक्ष्मी बिदरी ने मामले की जांच के बाद आपत्ति को खारिज कर दिया। इसके साथ ही कोहळे का नामांकन भी वैध बना रहा।
अनिल सोले के चुनाव लड़ने के संकेत
भाजपा से बगावत कर चुनाव मैदान में उतरे अनिल सोले नामांकन वापस लेते हैं या चुनाव लड़ते हैं, इसे लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण सोले को मनाने के लिए नागपुर स्थित उनके आवास पर पहुंचे थे, लेकिन सोले ने उनसे मुलाकात नहीं की।
9 अक्टूबर तक नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि
अब अनिल सोले के प्रतिनिधि द्वारा सुधाकर कोहळे के शपथपत्र पर आपत्ति दर्ज कराने से उनके चुनाव मैदान में बने रहने के संकेत मिल रहे हैं। हालांकि, नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 9 अक्टूबर है। ऐसे में अगले दो दिनों में भाजपा के भीतर क्या राजनीतिक घटनाक्रम सामने आता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।
23 अक्टूबर को होगा मतदान
नागपुर संभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए 23 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा। नामांकन वापसी की समयसीमा समाप्त होने के बाद चुनाव मैदान में अंतिम रूप से कितने उम्मीदवार रहेंगे, यह स्पष्ट होगा।

