नागपुर जिले के कामठी शहर में अतिक्रमण के खिलाफ नगर पालिका प्रशासन ने बड़ा अभियान चलाते हुए मुख्य मार्गों को अवरोधमुक्त कर दिया है। सोमवार से शुरू हुई इस विशेष मुहिम के तहत जेसीबी मशीनों की मदद से अवैध कब्जों को हटाकर सड़कें खाली कराई गईं, जिससे नागरिकों ने राहत की सांस ली है।
विशेष अभियान के तहत दो दिन में बड़ी कार्रवाई
- नगर पालिका ने 15 जून से अतिक्रमण हटाने की विशेष मुहिम शुरू की
- सोमवार और मंगलवार को लगातार कार्रवाई करते हुए मुख्य मार्गों के किनारे बने अवैध ढांचे हटाए गए
- जेसीबी की मदद से अतिक्रमण को पूरी तरह भुईसपाट कर मार्ग साफ किए गए
- कार्रवाई के बाद यातायात व्यवस्था में स्पष्ट सुधार देखने को मिला
इन प्रमुख मार्गों पर चला बुलडोजर
- जयस्तंभ चौक से रामनगर उड्डाणपूल तक अतिक्रमण हटाया गया
- जयस्तंभ चौक से महात्मा गांधी चौक मार्ग को खाली कराया गया
- गोयल टाकी चौक से पुलिस लाइन तक की जमीन से कब्जे हटाए गए
- शुक्रवारी बाजार परिसर में शासकीय जमीन पर बने अवैध अतिक्रमण भी ध्वस्त किए गए
पुलिस सुरक्षा के बीच हुई कार्रवाई
- किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए कड़ी पुलिस व्यवस्था तैनात की गई थी
- अभियान के दौरान नगरपालिका और पुलिस विभाग के अधिकारी मौके पर मौजूद रहे
- यह कार्रवाई मुख्याधिकारी विनोद जाधव के नेतृत्व में संपन्न हुई
- मोहीम अधिकारी प्रदीप भोकरे, ठाणेदार विजय दिघे और महेश आंधळे सहित टीम ने मोर्चा संभाला
विकास कार्यों में तेजी लाने का उद्देश्य
- शहर में महामेट्रो रेल परियोजना और अन्य विकास कार्य तेजी से चल रहे हैं
- अतिक्रमण के कारण इन परियोजनाओं में लगातार बाधाएं उत्पन्न हो रही थीं
- प्रशासन ने स्पष्ट किया कि शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त कर विकास कार्यों को गति देना जरूरी है
पहले नोटिस, फिर सख्त कार्रवाई
- नगर पालिका ने पहले पूरे शहर का सर्वे कर अतिक्रमण की सूची तैयार की
- अतिक्रमणकारियों को लिखित नोटिस देकर स्वयं कब्जा हटाने के निर्देश दिए गए
- निर्धारित समय सीमा के बाद भी कार्रवाई न करने पर जेसीबी से सख्त कार्रवाई की गई
आगे भी जारी रहेगा अभियान
- प्रशासन ने साफ किया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा
- जिन लोगों को नोटिस मिल चुके हैं, उनसे स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाने की अपील की गई
- नागरिकों से भी प्रशासन को सहयोग देने का आग्रह किया गया
कामठी में हुई इस सख्त कार्रवाई से यह स्पष्ट संदेश गया है कि शहर के विकास और यातायात व्यवस्था को बाधित करने वाले अतिक्रमण अब बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।

