रामटेक वन परिक्षेत्र के अंतर्गत मानेगांव बीट के घने जंगल में रविवार दोपहर एक दर्दनाक हादसा सामने आया। जलाऊ लकड़ी लाने जंगल गए उमरी गांव के एक दंपति पर दो भालुओं ने अचानक हमला कर दिया। इस हमले में महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका पति गंभीर रूप से घायल हो गया।
रामटेक के मानेगांव बीट जंगल की दर्दनाक घटना
प्राप्त जानकारी के अनुसार, उमरी निवासी सुलोचना राजकुमार भलावी (45) और उनके पति राजकुमार राजाराम भलावी (45) रविवार दोपहर करीब 3.30 बजे मानेगांव बीट के कक्ष क्रमांक 292 स्थित संरक्षित वन क्षेत्र में लकड़ी बीन रहे थे। इसी दौरान घात लगाए बैठे दो भालुओं ने उन पर अचानक हमला कर दिया। भालुओं के हमले में सुलोचना भलावी की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनके पति राजकुमार भलावी गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही गांव के लोग, रामटेक वन परिक्षेत्र के सहायक वन संरक्षक गोविंदा लुचे, वन परिक्षेत्र अधिकारी राहुल शिंदे सहित वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। घायल राजकुमार भलावी को तत्काल उपचार के लिए उप जिला अस्पताल, रामटेक में भर्ती कराया गया है। वहीं वन विभाग की टीम ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
घटनास्थल पर रामटेक पुलिस, देवलापार पुलिस तथा देवलापार वन परिक्षेत्र के अधिकारी भी मौजूद रहे। सहायक वन संरक्षक गोविंदा लुचे ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि यह क्षेत्र घना और संरक्षित वन है, जहां भालुओं की संख्या अधिक है।
परिजनों को 10 लाख रुपये की तात्कालिक सहायता
वन विभाग की ओर से मृतक महिला के परिजनों को तात्कालिक राहत के रूप में 10 लाख रुपये का धनादेश प्रदान किया गया है। उल्लेखनीय है कि रामटेक वन परिक्षेत्र में भालुओं की मौजूदगी पहले से रही है, लेकिन इससे पहले भालुओं के हमले में किसी व्यक्ति की मौत की घटना शायद ही सामने आई हो।
घटना के बाद वन विभाग ने जंगल से सटे गांवों के किसानों, मजदूरों और ग्रामीणों से अपील की है कि वे जंगल क्षेत्र में जाते समय विशेष सतर्कता बरतें और अकेले जंगल में प्रवेश न करें।

