शहर में नकली नोटों के बड़े रैकेट का खुलासा हुआ है। इस मामले में शाहूपुरी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीसरे आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह प्रिंटर के जरिए नकली नोट छापकर बाजार में खपाने का काम कर रहा था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान और भूमिका
गिरफ्तार आरोपी का नाम राहुल अभिमान रसाळ (20 वर्ष) बताया जा रहा है। वह इस रैकेट से जुड़ा हुआ था और नकली नोटों के नेटवर्क में सक्रिय भूमिका निभा रहा था।
MIDC इलाके में चल रही थी नोटों की छपाई
जांच में खुलासा हुआ है कि गोकुळ शिरगांव MIDC क्षेत्र में एक कमरे को किराए पर लेकर नकली नोटों की छपाई की जा रही थी। आरोपी वहां प्रिंटर और अन्य उपकरणों की मदद से नोट तैयार करता था।
‘देवा भाई’ की तलाश में पुलिस
इस पूरे मामले में एक ‘देवा भाई’ नाम का संदिग्ध मास्टरमाइंड सामने आया है, जो कथित रूप से नकली नोट छापने का मुख्य आरोपी है। पुलिस अब उसकी तलाश में जुटी हुई है।
पहले भी हो चुकी हैं गिरफ्तारियां
इससे पहले भी पुलिस ने नकली नोटों की खरीद-बिक्री करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार कर लाखों रुपये की फर्जी करेंसी जब्त की थी, जिससे इस नेटवर्क के बड़े होने के संकेत मिले हैं।
पुलिस की जांच जारी, बड़े खुलासे की संभावना
पुलिस इस मामले में पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और उम्मीद है कि जल्द ही और आरोपियों की गिरफ्तारी और बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं।

